तेज धारा में फंसे दोनों युवकों को समय रहते सुरक्षित निकाला, प्राथमिक उपचार भी दिया
हरिद्वार, 29 जुलाई। कांवड़ मेला-2026 के दौरान हरिद्वार के कांगड़ा घाट पर SDRF की तत्परता से गंगा में डूब रहे दो कांवड़ियों की जान बच गई। अलग-अलग समय पर गंगा में डूबने की सूचना मिलते ही घाट पर तैनात SDRF टीम ने तत्काल रेस्क्यू अभियान शुरू कर दोनों युवकों को सुरक्षित नदी से बाहर निकाल लिया।
पहले हादसे में मनीष पुत्र ठाकुर (23 वर्ष), निवासी ग्राम सूरजकुंड, जनपद मेरठ (उत्तर प्रदेश) गंगा की तेज धारा में डूबने लगा। SDRF जवानों ने तत्काल कार्रवाई करते हुए उसे सुरक्षित बाहर निकाल लिया। इसके बाद दूसरे मामले में योगेश पुत्र सज्जन (19 वर्ष), निवासी जनपद जींद (हरियाणा) भी गंगा की तेज धारा की चपेट में आ गया। टीम ने त्वरित कार्रवाई कर उसे भी सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
दोनों कांवड़ियों को नदी से बाहर निकालने के बाद SDRF टीम ने प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराया। समय रहते हुए किए गए रेस्क्यू के चलते दोनों की जान बच सकी। सुरक्षित बचाए जाने पर कांवड़ियों और उनके साथियों ने SDRF टीम का आभार जताते हुए जवानों की तत्परता, साहस और कर्तव्यनिष्ठा की सराहना की।
इन जवानों ने संभाला रेस्क्यू अभियान
रेस्क्यू टीम में अपर उप निरीक्षक आशिक अली, अपर उप निरीक्षक परविंदर धस्माना, आरक्षी नितेश कुमार, आरक्षी सुरेंद्र और तकनीशियन अंकित पाल शामिल रहे।
कांवड़ मेला-2026 के दौरान SDRF उत्तराखंड की टीमें श्रद्धालुओं की सुरक्षा को लेकर संवेदनशील घाटों और जल क्षेत्रों में लगातार मुस्तैद हैं। घाटों पर निगरानी के साथ ही किसी भी आपात स्थिति में त्वरित प्रतिक्रिया के लिए टीमें पूरी तरह तैयार हैं। SDRF की सतर्कता और त्वरित रेस्क्यू कार्रवाई से संभावित हादसों को टालने में लगातार मदद मिल रही है।





