सीएम ने रेल परियोजना के कार्यों को परखा, दिए आवश्यक निर्देश

Govind Pundir
3 Min Read
खबर को सुनें

नई टिहरी। मुख्यमंत्री ने योग नगरी ऋषिकेश रेलवे स्टेशन और गूलर दोगी, टिहरी में रेल परियोजना के तहत बनाई जा रही टनल का स्थलीय निरीक्षण कर परियोजना की प्रगति की समीक्षा करते हुए कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अभी तक बेहतर समन्वय से काम किया जा रहा है। आगे भी इसे बनाए रखने की जरूरत है। राज्य सरकार द्वारा हर संभव सहयोग किया जाएगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि चार धाम सड़क परियेजना के साथ ही ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल परियेजना उत्तराखण्ड के लिए बड़ी देन है। वह समय दूर नहीं, जब पहाड़ में रेल का सपना पूरा होगा। इससे राज्य की आर्थिकी में बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा। ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल परियोजना के मुख्य परियोजना प्रबंधक हिमांशु बडोनी ने प्रस्तुतिकरण के माध्यम से जानकारी देते हुए बताया कि मार्च 2024 तक परियोजना को पूर्ण किए जाने के लक्ष्य के साथ काम किया जा रहा है। अभी तक परियोजना में अपेक्षानुरूप गति से काम हुआ है। 

ऋषिकेश के बाद परियोजना मुख्यतःअंडरग्राउंड है। भूमि अधिग्रहण किया जा चुका है। इस रेल लाईन पर 12 स्टेशन और 17 टनल बनाये जा रहे हैं। काम निर्धारित समयावधि में पूरा किया जा सके, इसके लिए विभिन्न स्थानों पर एक साथ काम चल रहा है। एप्रोच रोड़ पहले ही बनाई जा रही हैं। रेल परियोजना के निर्माण में राज्य सरकार का पूरा सहयोग मिल रहा है।

बडोनी ने बताया कि रेल विकास निगम द्वारा अनेक जनकल्याणकारी काम किए जा रहे हैं। श्रीनगर में 52 बेड का संयुक्त चिकित्सालय बनाया जा रहा है। ऑक्सीजन प्लांट भी बनाए गए हैं। रेल परियोजना की बेल्ट को हॉर्टीकल्चर और हनी बेल्ट के रूप  में विकसित किए जाने के प्रयास किए जा रहे हैं। इसके लिए वृहद स्तर पर वृक्षारोपण किया जा रहा है। 

इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल, सचिव  आर मीनाक्षी सुन्दरम, रनजीत सिन्हा, जिलाधिकारी इवा आशीष श्रीवास्तव, एसएसपी तृप्ति भट्ट, रेल विकास निगम के अपर महाप्रबंधक  विजय डंगवाल, वरिष्ठ परियोजना प्रबंधक ओमप्रकाश मालगुडी, अपर महाप्रबंधक सुमित जैन, अन्य अधिकारी उपस्थित थे।

Share This Article
Follow:
*** संक्षिप्त परिचय / बायोडाटा *** नाम: गोविन्द सिंह पुण्डीर संपादक: गढ़ निनाद न्यूज़ पोर्टल टिहरी। उत्तराखंड शासन से मान्यता प्राप्त वरिष्ठ पत्रकार। पत्रकारिता अनुभव: सन 1978 से सतत सक्रिय पत्रकारिता। विशेषता: जनसमस्याओं, सामाजिक सरोकारों, संस्कृति एवं विकास संबंधी मुद्दों पर गहन लेखन और रिपोर्टिंग। योगदान: चार दशकों से अधिक समय से प्रिंट व सोशल मीडिया में निरंतर लेखन एवं संपादन वर्तमान कार्य: गढ़ निनाद न्यूज़ पोर्टल के माध्यम से डिजिटल पत्रकारिता को नई दिशा प्रदान करना।
error: Content is protected !!