एक शांत दिमाग के साथ थके हुए दिमाग से बेहतर सोच सकता है: डॉ हृदयेश कुमार

Garhninad Desk
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फरीदाबाद.21फरवरी 2023 ।
सुनील कुमार जांगड़ा।अखिल भारतीय मानव कल्याण ट्रस्ट के संस्थापक डॉ हृदयेश कुमार बोले कि:-एक शांत दिमाग के साथ थके हुए दिमाग से बेहतर सोच सकता है…इसी तरह प्रतिदिन मन को कुछ मिनट का मौन रहने दें और देखें कि यह आपके जीवन को कैसे आकार देता है यह आपके शरीर और नसों को आराम देने में आपकी मदद करता है। अगली कड़ी में उन्होंने बताया कि शरीर की एनर्जी बिना किसी बाधा के काम करती है। शांतिपूर्ण होने से आप घटनाओं, कठिनाइयों और कठिनाइयों से प्रभावित नहीं होते हैं, और ऐसी स्थितियों में आंतरिक संतुलन, स्पष्ट निर्णय और सामान्य ज्ञान बनाए रखते हैं। आंतरिक शांति नकारात्मक, व्यर्थ और बेचैन सोच को दूर करती है।
उन्होंने यह भी कहा कि अधिकतर तनाव, ध्वनि प्रदूषण अर्थात शोर-शराबे और नींद पूरी नहीं होने व लगातार बोलते रहने के चलते किसी के भी दिमाग की कोशिकाएं मरने लगती हैं। ऐसे में कुछ देर मौन रहने से हमारे दिमाग की सेल्स दोबारा बनती हैं और उनका पुनःनिर्माण हमारे दिमाग की शक्ति बढ़ाता है। इससे हमारी एकग्रता बढ़ती है और दिमाग तेज होता है।

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