महिलाओं को होना था लाभ, असामाजिक तत्वों ने पिरुल के ढेरों में लगाई आग

Govind Pundir
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(गजा से डीपी उनियाल)

टिहरी गढ़वाल 15 जून। टिहरी वन प्रभाग की फलसारी (गजा) वन वीट क्षेत्र में महिलाओं द्वारा एकत्र किए गए पिरुल के ढेरों में असामाजिक तत्वों द्वारा आग लगाने का मामला सामने आया है। इस घटना में लगभग 40 से 50 कुंतल पिरुल जलकर राख हो गया, जिससे महिला समूहों को हजारों रुपये का नुकसान हुआ है।
जानकारी के अनुसार, जयकोट और फलसारी गांव की महिला समूहों ने बड़ी मात्रा में पिरुल एकत्र किया था। इनमें से दो ट्रक पिरुल 14 जून को वन विभाग द्वारा ले जाया गया, जबकि शेष पिरुल 16 जून को भेजा जाना था। इससे पहले ही रविवार दोपहर अज्ञात लोगों ने अलग-अलग स्थानों पर रखे पिरुल के ढेरों में आग लगा दी।
घटना की सूचना महिलाओं ने नगर पंचायत गजा अध्यक्ष कुंवर सिंह चौहान, पुलिस चौकी तथा वन विभाग को दी। वन दरोगा बिरेंद्र सिंह विष्ट और वन वीट अधिकारी बलवीर पंवार ने बताया कि मामले की रिपोर्ट उच्चाधिकारियों को भेज दी गई है।
नगर पंचायत अध्यक्ष कुंवर सिंह चौहान ने घटना की निंदा करते हुए कहा कि पिरुल संग्रहण से महिलाओं को स्वरोजगार और आर्थिक लाभ मिल रहा था, लेकिन आगजनी की इस घटना से उन्हें भारी नुकसान उठाना पड़ा है। उन्होंने दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। वन विभाग के अनुसार, फलसारी और जयकोट गांव की महिलाओं द्वारा एकत्र किया गया पिरुल सबसे अधिक प्रभावित हुआ है।

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*** संक्षिप्त परिचय / बायोडाटा *** नाम: गोविन्द सिंह पुण्डीर संपादक: गढ़ निनाद न्यूज़ पोर्टल टिहरी। उत्तराखंड शासन से मान्यता प्राप्त वरिष्ठ पत्रकार। पत्रकारिता अनुभव: सन 1978 से सतत सक्रिय पत्रकारिता। विशेषता: जनसमस्याओं, सामाजिक सरोकारों, संस्कृति एवं विकास संबंधी मुद्दों पर गहन लेखन और रिपोर्टिंग। योगदान: चार दशकों से अधिक समय से प्रिंट व सोशल मीडिया में निरंतर लेखन एवं संपादन वर्तमान कार्य: गढ़ निनाद न्यूज़ पोर्टल के माध्यम से डिजिटल पत्रकारिता को नई दिशा प्रदान करना।
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