मनुष्य का सबसे बड़ा दुश्मन दुर्गुण- नृसिंह पीठाधीश्वर स्वामी रसिक महाराज

Govind Pundir
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चण्डीगढ़। नृसिंह वाटिका आश्रम आश्रम के संत नृसिंह पीठाधीश्वर स्वामी रसिक महाराज ने कहा कि संसार में व्यक्ति का सबसे बड़ा दुश्मन उसके दुर्गुण हैं। इनके परित्याग के बिना मनुष्य का विकास संभव नहीं है। वह शनिवार को सिद्ध बाबा बालकनाथ मंदिर मलोया में आयोजित सावन शुक्ल प्रदोष शिव पूजन महोत्सव  में प्रवचन कर रहे थे।

रसिक महाराज ने कहा कि मानव सेवा से बढ़कर दूसरा कोई धर्म-संस्कार नहीं है। आत्मा में प्रेम, विनम्रता, सहनशीलता, सत्य, सेवा और कल्याण के गुण निहित होते हैं। अनुकूल माहौल में इनका विकास होता है और व्यक्ति ऊंचा उठकर प्रभु को प्राप्त करता है। जिस प्रकार दूध में मक्खन छिपा होता है, उसको निकालने के लिए विधि अपनानी होती है, इसी प्रकार व्यक्ति के गुणों को विकसित करने के लिए सच्चे गुरु और हालात की जरूरत होती है।

उन्होंने कहा कि स्वदोष दर्पण करना महान व्यक्तियों का लक्षण है, जबकि सामान्य व्यक्ति दूसरों के दुर्गुण ही देखते हैं। सत्संग में बाबा बालकनाथ मंदिर मलोया के संचालक मामचन्द राणा, सुभाष गुप्ता, विजय राणा, चमेली देवी, एवं बड़ी संख्या में मन्दिर से जुड़े भक्तों ने भाग लिया।

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*** संक्षिप्त परिचय / बायोडाटा *** नाम: गोविन्द सिंह पुण्डीर संपादक: गढ़ निनाद न्यूज़ पोर्टल टिहरी। उत्तराखंड शासन से मान्यता प्राप्त वरिष्ठ पत्रकार। पत्रकारिता अनुभव: सन 1978 से सतत सक्रिय पत्रकारिता। विशेषता: जनसमस्याओं, सामाजिक सरोकारों, संस्कृति एवं विकास संबंधी मुद्दों पर गहन लेखन और रिपोर्टिंग। योगदान: चार दशकों से अधिक समय से प्रिंट व सोशल मीडिया में निरंतर लेखन एवं संपादन वर्तमान कार्य: गढ़ निनाद न्यूज़ पोर्टल के माध्यम से डिजिटल पत्रकारिता को नई दिशा प्रदान करना।
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