परेशानी का सबब बनी बायोमैट्रिक राशन वितरण प्रणाली, फिंगर प्रिंट न मिलने से बैरंग लौट रहे हैं कई उपभोक्ता

Govind Pundir
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टिहरी सरकारी सस्ता गल्ला की दुकानों पर बायोमैट्रिक राशन वितरण प्रणाली आरम्भ होने से उपभोक्ताओं को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। राशन प्राप्त करने हेतु कई उपभोक्तों के फिंगर प्रिंट नहीं मिल रहे हैं। जिस कारण उपभोक्ताओं को बैरंग वापस लौटना पड़ रहा है।
सरकारी सस्ता गल्ला की दुकानों पर वर्तमान समय से राशन वितरण हेतु बायोमैट्रिक सिस्टम आरम्भ किया गया है। ग्रामीण क्षेत्रों में कामकाजी उपभोक्ताओं के हाथों की उंगलियां अधिकतर स्क्रेच लगी होती हैं। जिस कारण अधिकांश उपभोक्ताओं के फिंगर बायोमैट्रिक सिस्टम कैप्चर नहीं कर पा रहा है। फलतः अधिकांश उपभोक्ताओं को बिना राशन प्राप्त किए खाली वापस लौटना पड़ रहा है।
ग्रामीण कस्बा नकोट अंतर्गत साधन सहकारी समिति नकोट तुंगोली के पास सरकारी खाद्यान्न वितरण का जिम्मा है। इस दुकान पर पिछले तीन दिनों से उपभोक्ताओं की खासी भीड़ जमा है। उपभोक्ता राशन प्राप्त करने हेतु प्रातः से ही दुकान के आगे एकत्र हो रहे हैं, लेकिन दिन भर की इंतजार के बाद फिंगर न मिल पाने के कारण खाली वापस लौट रहे हैं।
उपभोक्ताओं की परेशानी का सबब विभागीय अदूरदर्शिता भी हो सकती है, क्योंकि विभाग द्वारा बायोमैट्रिक प्रणाली आरम्भ तो कर दी गई है, मगर इस व्यवस्था को आरम्भ करने से पूर्व विभाग को परीक्षण के तौर पर यह कार्यवाही अमल में लानी चाहिए थी। इसके लिए विक्रेताओं को समग प्रशिक्षित किए जाने के उपरान्त एवं पूर्ण परीक्षण के ही उपरान्त ही व्यवस्था लागू की जानी चाहिए थी। हालांकि यह व्यवस्था राशन वितरण में व्याप्त भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाये जाने हेतु सर्वाधिक उचित है, तथापि इसे लागू करने से पूर्ण गहन परीक्षण की अवश्य आवश्यकता थी।
सिविल सोसायटी नकोट के अध्यक्ष एवं पूर्व समिति अध्यक्ष विक्रम सिंह रावत ने व्यवस्था को उचित ठहराते हुए समुचित परीक्षणोपरान्त ही व्यवस्था लागू किए जाने की बात करते हुए कहा कि जब तक बायोमैट्रिक व्यवस्था सही ढंग से काम नहीं कर पाती है और उपभोक्ताओं के फिंगर अपडेट नहीं हो पाते हैं, तब तक इस व्यवस्था में लचीलापन लाया जाकर राशन कार्ड के आधार पर ही उपभोक्ताओं को राशन वितरित की जाय।

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*** संक्षिप्त परिचय / बायोडाटा *** नाम: गोविन्द सिंह पुण्डीर संपादक: गढ़ निनाद न्यूज़ पोर्टल टिहरी। उत्तराखंड शासन से मान्यता प्राप्त वरिष्ठ पत्रकार। पत्रकारिता अनुभव: सन 1978 से सतत सक्रिय पत्रकारिता। विशेषता: जनसमस्याओं, सामाजिक सरोकारों, संस्कृति एवं विकास संबंधी मुद्दों पर गहन लेखन और रिपोर्टिंग। योगदान: चार दशकों से अधिक समय से प्रिंट व सोशल मीडिया में निरंतर लेखन एवं संपादन वर्तमान कार्य: गढ़ निनाद न्यूज़ पोर्टल के माध्यम से डिजिटल पत्रकारिता को नई दिशा प्रदान करना।
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