चंबा क्षेत्र भ्रमण के दौरान स्थानीय लोगों से विकास पर की चर्चा
टिहरी गढ़वाल। सूबे के पूर्व मुख्यमंत्री एवं विभिन्न राज्यों के पूर्व राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी ने गुरुवार को टिहरी जनपद के चंबा क्षेत्र का भ्रमण किया। इस दौरान वह जुवा पट्टी के सेलूर गांव पहुंचकर स्व. ऋषिराम डबराल के निधन पर शोक व्यक्त करने उनके परिजनों से मिले और श्रद्धांजलि अर्पित की।
कोश्यारी ने दिवंगत ऋषिराम डबराल की मूर्ति पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी तथा परिजनों—कृष्ण स्वरूप डबराल, रामस्वरूप डबराल सहित परिवार की महिलाओं को ढांढस बंधाया। उन्होंने शोक संतप्त परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की।

भ्रमण के दौरान कोश्यारी ने भाजपा कार्यकर्ताओं व पदाधिकारियों से भी मुलाकात की और उत्तराखंड के विकास से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड निरंतर प्रगति की ओर अग्रसर है और इस विकास यात्रा में सभी को कदम से कदम मिलाकर आगे बढ़ना होगा।
उन्होंने पलायन की समस्या पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि सरकार इसके समाधान के लिए प्रयासरत है। कोविड काल में टिहरी जनपद में बड़े स्तर पर रिवर्स पलायन हुआ, जिससे गांवों में रौनक बढ़ी है। स्थानीय स्तर पर रोजगार, शिक्षा, सड़क और स्वास्थ्य सुविधाओं पर सरकार लगातार फोकस कर रही है, जिसके सकारात्मक परिणाम शीघ्र सामने आएंगे।
कोश्यारी ने कहा कि उत्तराखंड का तीसरा दशक राज्य के विकास का दशक बनाने के लिए केंद्र व प्रदेश सरकार निरंतर कार्य कर रही है। उन्होंने होम स्टे योजना को ग्रामीण क्षेत्रों के लिए लाभकारी बताते हुए अधिक से अधिक लोगों से योजनाओं का लाभ उठाने की अपील की।
इस मौके पर प्रमुख जाखणीधार राजेश नौटियाल, रंजन भंडारी, गोविंद विष्ट, वासुदेव भट्ट, जगदीश प्रसाद, रमेश प्रसाद, राजेंद्र प्रसाद, दिनेश भट्ट, दिनेश भंडारी, उत्तम सिंह नेगी, कलीराम डबराल, राम प्रसाद, विनोद जुयाल, अनिल डबराल, वीरेंद्र सिंह नेगी, डॉ. प्रमोद उनियाल, तेज सिंह रावत, रवि कठैत, महेश तिवाड़ी, लक्ष्मी डोभाल, भगवती प्रसाद सहित अन्य लोग मौजूद रहे।




