टिहरी गढ़वाल, 04 जून । नई टिहरी में सांस्कृतिक विरासत, पारिवारिक मेल-मिलाप और सामाजिक एकजुटता को समर्पित पंचम तीन दिवसीय मैती मिलन मेला का शुभारंभ शुक्रवार 05 जून से होगा। यह मेला 07 जून तक होटल भरत मंगलम, गणेश चौक बौराड़ी में आयोजित किया जाएगा।
मेले के संयोजक अनुसूया प्रसाद नौटियाल ने गढ़ निनाद न्यूज पोर्टल को जानकारी देते हुए बताया कि मैती मिलन मेले का उद्देश्य टिहरी की विलुप्त होती सांस्कृतिक परंपराओं को संरक्षित करना तथा दूर-दराज क्षेत्रों में रहने वाली टिहरी की ध्याणियों, बेटियों, बहनों और नगरवासियों को एक मंच पर जोड़ना है। उन्होंने कहा कि पिछले चार वर्षों से यह आयोजन लगातार किया जा रहा है और लोगों का सहयोग ही इसकी सबसे बड़ी ताकत है।
उन्होंने बताया कि 05 जून को दोपहर 2 बजे से महिला एवं पुरुषों द्वारा पारंपरिक कलेऊ तैयार किया जाएगा। 06 जून को सांय 5 बजे से मुख्य सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित होंगे, जिनमें आगंतुकों और अतिथियों का स्वागत, विवेक मेमोरियल सुरगंगा संगीत महाविद्यालय द्वारा सांस्कृतिक प्रस्तुतियां, उत्तराखंड के प्रसिद्ध लोक गायकों का कार्यक्रम, स्थानीय प्रतिभाओं के लिए खुला मंच, ध्याणियों का परिचय एवं कलेऊ भेंट कार्यक्रम, गढ़वाली परिधान शो, मेधावी छात्र-छात्राओं का सम्मान, समाजसेवियों को मैती सम्मान तथा नई टिहरी के विकास में योगदान देने वाले संगठनों का सम्मान शामिल है।
वहीं 07 जून को गोपाल गौ लोक धाम संवर्द्धन समिति परिसर, आंचल डेरी के निकट वृक्षारोपण कार्यक्रम आयोजित होगा। इसके बाद नगरवासियों एवं ध्याणियों के लिए पारंपरिक भड्डू की दाल-भात का सामूहिक भोज रखा गया है।
संयोजक नौटियाल ने टिहरी नगर क्षेत्र के सभी नागरिकों से सपरिवार मेले में भाग लेने की अपील करते हुए कहा कि यह आयोजन केवल एक मेला नहीं, बल्कि अपनी जड़ों, संस्कृति और रिश्तों को सहेजने का प्रयास है। उन्होंने लोगों से अपनी दीदी, भुली, बेटी, ननद और अन्य परिजनों तक भी इस आयोजन की सूचना पहुंचाने का आग्रह किया है।




