टीएचडीसीआईएल ने हासिल की बड़ी उपलब्धि: खुर्जा सुपर थर्मल पावर परियोजना की यूनिट-2 (660 मेगावाट) राष्ट्रीय ग्रिड से जुड़ी

ऋषिकेश, 29 अगस्त 2025। टीएचडीसी इंडिया लिमिटेड (THDCIL) ने एक ऐतिहासिक उपलब्धि दर्ज करते हुए अपनी खुर्जा सुपर थर्मल पावर परियोजना (2×660 मेगावाट) की यूनिट-2 को 28 अगस्त 2025 को सफलतापूर्वक राष्ट्रीय ग्रिड से जोड़ दिया। यह उपलब्धि परियोजना के पूर्ण संचालन की दिशा में एक निर्णायक कदम है, जो भारत की ऊर्जा सुरक्षा को मजबूत करेगी।
टीएचडीसीआईएल के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक श्री आर.के. विश्नोई ने इस उपलब्धि को संगठन की रणनीतिक प्रतिबद्धता का प्रतीक बताते हुए कहा—
“खुर्जा परियोजना की यूनिट-2 का सफल सिंक्रोनाइजेशन भारत की विद्युत उत्पादन क्षमता बढ़ाने और ऊर्जा क्षेत्र में हमारे पोर्टफोलियो को विविध बनाने की दिशा में अहम मील का पत्थर है। उन्नत प्रौद्योगिकी और पर्यावरण-अनुकूल प्रणालियों से सुसज्जित यह परियोजना राष्ट्र को दीर्घकालिक ऊर्जा सुरक्षा प्रदान करेगी।”
निदेशक (तकनीकी) श्री भूपेंद्र गुप्ता ने कहा कि यूनिट-2 का ग्रिड से जुड़ना टीएचडीसीआईएल की तकनीकी दक्षता और जटिल विद्युत परियोजनाओं को सफलतापूर्वक लागू करने की क्षमता को दर्शाता है। इस कदम से अब परियोजना देश को विश्वसनीय बेस लोड बिजली उपलब्ध कराने में सक्षम हो गई है, जो विशेषकर पीक डिमांड के दौरान अहम भूमिका निभाएगी।
कार्यकारी निदेशक (परियोजना) श्री कुमार शरद ने इस सफलता का श्रेय केएसटीपीपी टीम के समर्पण और अथक प्रयासों को दिया।
इस अवसर पर टीएचडीसीआईएल, एनटीपीसी कंसल्टेंसी, बीएचईएल, एलएमबी, एसटीईएजी और जीई के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
खुर्जा सुपर थर्मल पावर परियोजना की यह सफलता भारत को आत्मनिर्भर और सतत ऊर्जा भविष्य की ओर ले जाने वाली एक ऐतिहासिक उपलब्धि साबित होगी।