टिहरी गढ़वाल। राजकीय महाविद्यालय खाड़ी में उत्तराखंड सरकार की महत्वाकांक्षी देवभूमि उद्यमिता योजना के अंतर्गत एक दिवसीय ओरिएंटेशन (अभिमुखीकरण) कार्यक्रम का सफल आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम उच्च शिक्षा विभाग, उत्तराखंड सरकार एवं उद्यमिता विकास संस्थान अहमदाबाद के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित हुआ।
कार्यक्रम महाविद्यालय के प्राचार्य प्रोफेसर अरुण कुमार सिंह के निर्देशन तथा नोडल अधिकारी श्रीमती मीना के नेतृत्व में संपन्न हुआ। मुख्य वक्ता के रूप में जिला प्रोग्राम ऑफिसर दिग्विजय सिंह सजवाण एवं विशेषज्ञ आयुष रावत उपस्थित रहे।इस अवसर पर प्राचार्य प्रो. अरुण कुमार सिंह ने कहा कि वर्तमान समय में केवल शैक्षणिक डिग्री पर्याप्त नहीं है, बल्कि छात्रों में स्वरोजगार, नवाचार और उद्यमशीलता की सोच विकसित करना आवश्यक है।
मुख्य वक्ता दिग्विजय सिंह सजवाण ने छात्रों को उद्यमिता के विभिन्न आयामों से परिचित कराते हुए बताया कि किस प्रकार युवा अपनी रुचि और कौशल के आधार पर सफल व्यवसाय स्थापित कर सकते हैं। उन्होंने सरकारी योजनाओं और वित्तीय सहायता के अवसरों की भी जानकारी दी।विशेषज्ञ आयुष रावत ने तकनीकी सत्र के माध्यम से स्टार्टअप शुरू करने, मार्केट रिसर्च और जोखिम प्रबंधन से जुड़े महत्वपूर्ण बिंदुओं पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि देवभूमि के युवाओं में अपार क्षमता है, जिसे सही दिशा और मार्गदर्शन की आवश्यकता है।कार्यक्रम के अंत में छात्रों की उद्यमिता समझ और नवाचार क्षमता का आकलन करने के लिए एक योग्यता परीक्षण आयोजित किया गया। उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को आगामी उन्नत प्रशिक्षण कार्यक्रमों के लिए चयनित किया जाएगा।
नोडल अधिकारी श्रीमती मीना ने कार्यक्रम का संचालन करते हुए योजना के उद्देश्यों पर प्रकाश डाला और कहा कि महाविद्यालय का लक्ष्य छात्रों को नौकरी खोजने वाला नहीं, बल्कि रोजगार सृजन करने वाला बनाना है।अंत में सभी प्रतिभागी छात्र-छात्राओं को प्रमाण पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में महाविद्यालय के प्राध्यापक, कर्मचारी एवं बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।




