भारतीय हस्तनिर्मित कालीनो की सांस्कृतिक विरासत और बुनाई कौशल को बढ़ावा देने के लिए इंडिया कार्पेट एक्सपो के 42वें संस्करण का हुआ आयोजन

Garhninad Desk
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देहरादून। तीन दिवसीय इंडिया कार्पेट एक्सपो के 42वें संस्करण का भारत सरकार के तत्वावधान में कार्पेट एक्सपोर्ट प्रमोशन काउंसिल (सीईपीसी) द्वारा आयोजित किया जा रहा है। तीन दिवसीय इंडिया कार्पेट एक्सपो का शुभारंभ उपेंद्र प्रसाद सिंह (आईएएस), सचिव टेक्सटाइल्स, वस्त्र मंत्रालय, भारत सरकार, शांतमनु, आईएएस, विकास आयुक्त (हस्तशिल्प), टेक्सटाइल्स मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा किया गया। तीन दिवसीय एक्सपो 25-28 मार्च, 2022 तक, एनएसआईसी प्रदर्शनी ग्राउंड, ओखला, नई दिल्ली में आयोजित किया गया है।

यू. पी. सिंह, सचिव, वस्त्र मंत्रालय ने कहा कि यह एक्सपो हस्तनिर्मित कालीनों के लिए एक-स्टॉप गंतव्य है जो समकालीन खरीदारों, उपयोगकर्ताओं और बेहतरीन दस्तकारी भारतीय कालीनों के पारखी की जरूरतों को पूरा करता है। यह एक्सपो विदेशी कालीन खरीदारों के बीच भारतीय हस्तनिर्मित कालीनो की सांस्कृतिक विरासत और बुनाई कौशल को बढ़ावा देने और बढ़ाने के लिए आयोजित किया गया है।

उपेंद्र प्रसाद सिंह, आईएएस, टेक्सटाइल सेक्रेटरी, टेक्सटाइल मिनिस्ट्री, भारत सरकार ने कहा कि दो दिन पहले भारत के माननीय प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने ट्वीट में बुनकरों और निर्यातकों को वर्ष समाप्त होने से पहले यूएस $400 बिलियन के निर्यात लक्ष्य को पूरा करने के लिए बधाई दी और कहा कि निर्यात में हमारा कपड़ा उद्योग तीसरे स्थान पर होगा जो पहले छठे स्थान पर था।

सीईपीसी के अध्यक्ष उमर हमीद ने कहा, “हम एक व्यापार सृजन की परिकल्पना कर रहे हैं और मेले से संभावित पूछताछ भी कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि सीईपीसी ने 56 देशों में 350 कालीन आयातकों से पंजीकरण प्राप्त किया। जिनमें ऑस्ट्रेलिया, ब्राजील, कनाडा, चिली, फ्रांस, जर्मनी, ईरान, इटली, जापान, जॉर्डन, लेबनान, मैक्सिको, रूस, दक्षिण अफ्रीका, तुर्की, यूके, यूएसए आदि शामिल  है।

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