नैसर्गिक सौंदर्य से भरपूर है ‘लोहिताल डांडा’

Govind Pundir
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डीपी उनियाल

विकास खंड चम्बा का गजा डांडाचली मोटरमार्ग के डांडाचली नामक स्थान से ऊपर लोहिताल डांडा प्राकृतिक सौंदर्य से भरपूर है । डांडा चली से लगभग दो किलोमीटर ऊपर लोहिताल डांडा में समतल भूमि है तथा चारों ओर देवदार, बांज, बुरांस, उतीस,काफल का मिश्रित जंगल होने से पर्यटकों को खूब आकर्षित करता है ।

बताते चलें कि यहां पर वर्तमान में पर्यटकों के लिए काटेज (ठहरने के लिए) बन गये हैं ।सेब ,पुलम, आड़ू खुमानी के बहुतायत पेड़ों के साथ ही सब्जी उत्पादन भी खूब होता है । इसके निकट माणदा गांव निवासियों ने घंटाकर्ण देवता का मंदिर बना रखा है जहां पर मंदिर में दर्शन करने वाले बहुत भक्त आते रहते हैं।माणदा गांव निवासी आनन्द सिंह खाती व रघुबीर सिंह खाती बताते हैं कि घंटाकर्ण धाम मंदिर क्वीली डांडा से देवता की मूर्ति प्राचीनतम समय में उनके पूर्वजों के द्वारा यहां पर स्थापित की गई थी उसके बाद मंदिर का नव निर्माण कार्य किया गया ।

धार अकरिया पट्टी के कैंच्छू, कोटद्वार,दिगोठी, रानी चौरी क्षेत्र के लोगों तथा सामाजिक कार्यकर्ताओं के द्वारा विगत कई वर्षों से डांडा चली में इको पार्क स्वीकृत करने की मांग की जा रही है लोगों का कहना है कि यह स्थान प्राकृतिक सौंदर्य से परिपूर्ण है व ट्रैकिंग के लिए उचित है।

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*** संक्षिप्त परिचय / बायोडाटा *** नाम: गोविन्द सिंह पुण्डीर संपादक: गढ़ निनाद न्यूज़ पोर्टल टिहरी। उत्तराखंड शासन से मान्यता प्राप्त वरिष्ठ पत्रकार। पत्रकारिता अनुभव: सन 1978 से सतत सक्रिय पत्रकारिता। विशेषता: जनसमस्याओं, सामाजिक सरोकारों, संस्कृति एवं विकास संबंधी मुद्दों पर गहन लेखन और रिपोर्टिंग। योगदान: चार दशकों से अधिक समय से प्रिंट व सोशल मीडिया में निरंतर लेखन एवं संपादन वर्तमान कार्य: गढ़ निनाद न्यूज़ पोर्टल के माध्यम से डिजिटल पत्रकारिता को नई दिशा प्रदान करना।
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