टिहरी गढ़वाल 14 सितंबर 2026 । ओंकारानंद सरस्वती राजकीय महाविद्यालय देवप्रयाग में हिंदी दिवस के अवसर पर हिंदी विभाग एवं एंटी-ड्रग सेल के संयुक्त तत्वावधान में एक संगोष्ठी एवं जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का विषय “नशा मुक्त समाज के निर्माण में हिंदी साहित्य की भूमिका” रहा।
कार्यक्रम की अध्यक्षता महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो० नर्वदेश्वर शुक्ल ने की ने की। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि हिंदी हमारी चेतना की भाषा है और साहित्य के माध्यम से ही युवा पीढ़ी को नशे जैसी सामाजिक बुराइयों के प्रति जागरूक किया जा सकता है।
एंटी-ड्रग सेल के नोडल अधिकारी डॉ० मोहम्मद आदिल, असिस्टेंट प्रोफेसर जंतु विज्ञान ने विद्यार्थियों को नशे के दुष्प्रभावों के बारे में वैज्ञानिक तथ्यों के साथ जानकारी दी। उन्होंने कहा कि नशा न केवल शारीरिक व मानसिक स्वास्थ्य को नष्ट करता है, बल्कि परिवार और समाज को भी तोड़ता है। उन्होंने सभी छात्र-छात्राओं को नशा मुक्त भारत अभियान की शपथ भी दिलाई।
इस अवसर पर छात्र-छात्राओं ने हिंदी में कविता, भाषण एवं पोस्टर के माध्यम से नशा मुक्ति का संदेश दिया।
कार्यक्रम का संचालन हिंदी विभाग द्वारा किया गया। इस अवसर पर महाविद्यालय के समस्त प्राध्यापक, कर्मचारी एवं एंटी-ड्रग सेल के सदस्य छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।




