पेट्रोल-डीजल के दामों में कमी की उम्मीद लगाए बैठे लोगों को निर्मला सीतारमण ने दिया जोर का झटका

Govind Pundir
2 Min Read
खबर को सुनें

वित्त मंत्री का ऐलान पेट्रोल-डीजल को नहीं लाया जाएगा जीएसटी के दायरे में, चाहे कुछ भी करो

नई दिल्ली। केंद्र सरकार की लोकप्रिय वित्त मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमण ने पेट्रोल-डीजल के दामों में कमी की उम्मीद लगाए बैठे लोगों को आज जोर का झटका दिया है। वित्त मंत्री ने साफ कर दिया कि पेट्रोल-डीजल को जीएसटी दायरे में नहीं लाया जाएगा। 

हालांकि वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि कुछ सबसे महंगी जीवनरक्षक दवाओं को जीएसटी से छूट दी है। जिनमें जोलगेंज्मा और विलटेस्पो शामिल हैं। इन दोनों की कीमत करीब 16 करोड़ रुपये है, लेकिन इनका कोरोना से कोई लेना देना नहीं है।

आज 45वीं जीएसटी काउंसिल की बैठक के बाद वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में यह जानकारी दी। उन्होंने प्रेस कांफ्रेंस में कहा कि जीएसटी काउंसिल ने महसूस किया कि पेट्रोल-डीजल को जीएसटी के दायरे में लाने का ये सही वक्त नहीं है। इस फैसले ने केंद्र-राज्यों की कमाई का रास्ता खुला रखा है। मगर उन लोगों को जोर का झटका दिया है जो बेचारे तेल की कीमतों में कमी की आस लगाए बैठे थे।

आपको बता दें कि 1 जुलाई 2017 को जब जीएसटी लागू हुआ था तो केंद्र व राज्य सरकारों ने अपने राजस्व के मद्देनजर कच्चे तेल, प्राकृतिक गैस, पेट्रोल, डीजल और एटीएफ को जीएसटी के दायरे से बाहर रखा था। इस पर केंद्र सरकार व राज्य सरकारें अपने-अपने यहां अलग-अलग कर लगाती हैं और उससे आने वाला पैसा सरकारी खजाने में जाता है।

Share This Article
Follow:
*** संक्षिप्त परिचय / बायोडाटा *** नाम: गोविन्द सिंह पुण्डीर संपादक: गढ़ निनाद न्यूज़ पोर्टल टिहरी। उत्तराखंड शासन से मान्यता प्राप्त वरिष्ठ पत्रकार। पत्रकारिता अनुभव: सन 1978 से सतत सक्रिय पत्रकारिता। विशेषता: जनसमस्याओं, सामाजिक सरोकारों, संस्कृति एवं विकास संबंधी मुद्दों पर गहन लेखन और रिपोर्टिंग। योगदान: चार दशकों से अधिक समय से प्रिंट व सोशल मीडिया में निरंतर लेखन एवं संपादन वर्तमान कार्य: गढ़ निनाद न्यूज़ पोर्टल के माध्यम से डिजिटल पत्रकारिता को नई दिशा प्रदान करना।
error: Content is protected !!