साबली में विराट हिन्दू सम्मेलन का आयोजन, कलश यात्रा के साथ हुआ शुभारंभ

(गजा से डी.पी. उनियाल)
टिहरी गढ़वाल 23 फरवरी 2026। विकास खंड चम्बा के साबली गांव में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के शताब्दी वर्ष के अवसर पर विराट हिन्दू सम्मेलन का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ मृत्युंजय महादेव मंदिर साबली से कलश शोभायात्रा के साथ हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में स्थानीय महिलाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कलश यात्रा मंदिर परिसर से कार्यक्रम स्थल तक निकाली गई, जिससे पूरे क्षेत्र में आध्यात्मिक वातावरण बन गया।

सम्मेलन के मुख्य अतिथि महामंडलेश्वर स्वामी स्वरूपानंद यति जी महाराज, विशिष्ट अतिथि संघ के प्रांत सेवा प्रमुख पवन जी तथा कार्यक्रम अध्यक्ष जगतराम सेमवाल (खंड संघचालक चम्बा) ने भारत माता के चित्र के सम्मुख दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का विधिवत उद्घाटन किया।
सामाजिक समरसता और एकजुटता पर जोर
अपने संबोधन में स्वामी स्वरूपानंद यति महाराज ने कहा कि इतिहास साक्षी है कि जब-जब हिन्दू समाज कमजोर या विभाजित हुआ, तब-तब देश और संस्कृति को क्षति पहुंची। उन्होंने आह्वान किया कि वर्तमान समय में हिन्दू समाज को संगठित रहकर सनातन धर्म की मूल भावना—सामाजिक समरसता—को मजबूत करना होगा।
प्रांत सेवा प्रमुख पवन जी ने संघ के ‘पंच परिवर्तन’ विषयों—पर्यावरण एवं जल संरक्षण, सामाजिक समरसता, कुटुंब प्रबोधन, स्वदेशी और नागरिक कर्तव्य—पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने समाज के प्रत्येक वर्ग से इन विषयों को जीवन में उतारने का आह्वान किया।
कार्यक्रम में स्थानीय विद्यालय के छात्र-छात्राओं ने रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियां देकर उपस्थित जनसमूह का मन मोह लिया। इस अवसर पर पर्यावरण संरक्षण और “वेस्ट टू बेस्ट” पहल के लिए सुषमा बहुगुणा, काष्ठ कला के लिए सर्वजीत खत्री, स्वावलंबन के क्षेत्र में संगीता तिवारी सहित स्वरोजगार से जुड़े लगभग 30 लोगों को सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे जगतराम सेमवाल ने भारतीय संस्कृति, परंपराओं और सामाजिक मूल्यों पर विचार रखे। संचालन विद्याभारती के जिला निरीक्षक राकेश बहुगुणा ने किया।
कार्यक्रम में टिहरी विधायक किशोर उपाध्याय, पूर्व विधायक डॉ. धन सिंह नेगी, प्रमुख सुमन सजवाण, स्वराज सिंह पंवार, सूर्य मणि उनियाल, जिला प्रचारक दीपक सहित अनेक जनप्रतिनिधि और गणमान्य लोग उपस्थित रहे। बड़ी संख्या में क्षेत्रीय महिलाएं और पुरुष सम्मेलन में शामिल हुए।



