कोरोनो के नए वेरिएंट ओमिक्रान से बचाव के लिए सरकार नागरिकों को शीघ्र लगवाये “बूस्टर डोज”-शांति प्रसाद भट्ट

नई टिहरी। माननीय उत्तराखंड उच्च न्यायालय नैनीताल द्वारा कोविड 19 के प्रसार की रोकथाम के लिए गठित जिला अनुश्रवण एवं निगरानी समिति के पूर्व सदस्य शांति प्रसाद भट्ट ने कोरोना के नए वेरिएंट के खतरे के मध्यनजर सरकार से माँग की है कि विश्व स्वास्थ्य संगठन WHO की गाइडलाइन के अनुसार नागरिकों को बूस्टर डोज दी जाय, व पूर्व की भांति कोविड प्रोटोकॉल का पालन सुनिश्चित कराया जाए।
श्री भट्ट ने कहा कि कोविड 19 कोरोना वायरस का नया वेरिएंट ओमिक्रोन मिलने के बाद दुनिया भर के देशों में अपने अपने नागरिकों की सुरक्षा की चिंता सताने लगी है, लेकिन अनेकों देशों ने समय रहते इसकी रोकथाम के लिए कोविड की दोनों डोज लेने के बाद अपने नागरिकों को “बूस्टर डोज” भी देनी शुरू कर दी है, इजरायल पहला देश है, जिसने अपने नागरिकों को बूस्टर डोज दी है, ब्रिटेन, अमेरिका, जैसे देश भी बूस्टर डोज दे रहे है।
किँतु भारत मे लापरवाही का आलम जारी है, बूस्टर डोज पर अभी तक सरकार का कोई बयान नही है, उल्टा देश के आला नेता चुनावी रैली, प्रचार प्रसार में व्यस्त है, जिन्हें देश की सेवा के लिए निर्वाचित किया था, वे खुद लापरवाह बने हुए है, देश भर में कोविड प्रोटोकॉल का पालन नही हो रहा है, शादियों, में लोग फिर वही जमावाड़ा लगा रहे है, सीमाओं पर कोई चैकिंग, या टेस्टिंग नही हो रही है, मास्क तो मानो लोग भूल ही गए है । बड़े अधिकारी, तो अपने कार्यलयों में शीशे के कवच में बैठे हुए है, किन्तु आम नागरिक बेरोकटोक अपनी रोजी रोटी के लिए संघर्ष कर दो जून की रोटी जुटाने में लगे हुए है, उन्हें नही पता कि कब उन्हें कोविड की बीमारी लग जाये।
श्री भट्ट ने देश के जिम्मेदार पदों पर बैठे हुए नेताओं से आग्रह किया है, कि वे बड़ी भीड़ वाली जनसभाओं को ना करें, इससे कोरोनो के व्यापक रूप से फैलने की प्रबल संभावना है ,
सरकार समय रहते हुए जिलों में लेवल वन, ओर लेबल टू के अस्पतालों में पर्याप्त मात्रा में ऑक्सीजन, वेंटिलेटर, और दवाइयो की व्यवस्था भी सुनिश्चित करें। साथ ही माइक्रो कंटेनमेंट जॉन बनाने सहित जिलों की सीमाओं को भी चाक चौबंद किया जाए ।
इसके अलावा पूर्व की भांति हाइपोक्लोराइड अम्ल के छिड़काव का भी शिड्यूल्ड तय किया जाय।विदेशों से आने वाले नागरिकों विशेषकर मुनिकीरेती स्वर्गआश्रम इलाकों में टेस्टिंग की जानी जरूरी है ।