सेवानिवृत्ति पर प्रधानाचार्य को दी गई भावभीनी विदाई

- प्रतिष्ठित श्रीदेव सुमन रा. इ. कॉ. के प्रधानाचार्य रहे आर.पी सकलानी।
- अपने 4 साल के प्रधानाचार्य कार्यकाल में बढ़ाई छात्र संख्या दुगनी।
- विद्यालय के चहुंमुखी विकास के लिए सदैव किया जाएगा याद।
रिपोर्ट -@ सोमवारी लाल सकलानी ‘निशांत’।
टिहरी गढ़वाल। चंबा, क्षेत्र के सबसे पुराने श्रीदेव सुमन रा इ कालेज के प्रधानाचार्य रामेश्वर प्रसाद सकलानी आज 37 वर्ष की संतोषजनक सेवा के बाद सेवानिवृत हो गये। विद्यालय परिवार तथा अभिभावकों की ओर से भावभीनी विदाई दी गई। विदाई समारोह में उनकी धर्मपत्नी उमा सकलानी, पुत्र और पुत्रवधू रमन एवं सपना सकलानी,पुत्री सोनल सकलानी का भी सम्मान किया गया।
विदाई अवसर पर छात्र-छात्राएं, विद्यालय के शिक्षक- कर्मचारी तथा अभिभावक अपने आंसू नहीं रोक सके। श्री रामेश्वर सकलानी का प्रधानाचार्य के रूप में अनुकरणीय उदाहरण है।अपने कार्यकाल में उन्होंने विद्यालय की छात्र संख्या 130 से 260 पहुंचायी। उन्हीं के कार्यावधि में कालेज सीबीएसई बोर्ड बना तथा आई आई टी रुड़की द्वारा कालेज में टिंकरिंग लैब की स्थापित हुई।
सेवानिवृत्ति पर अपने संक्षिप्त भाषण में विद्यालय परिवार से अपेक्षा की कि सभी मिलकर विद्यालय को जनपद का सर्वोत्कृष्ट विद्यालय बनाने में अपना योगदान देंगे। आप सभी के द्वारा दिया गया प्यार, स्नेह और सहयोग वे सदैव याद रखेंगे। छात्र-छात्राओं के उज्जवल भविष्य के कामना की और अपेक्षा की कि वह देश के प्रतिष्ठित पदों पर सेवाएं देकर कालेज का नाम रोशन करेंगे। शिक्षक अभिभावक संघ की अध्यक्ष गुड्डी रावत ने प्रधानाचार्य सकलानी की सेवाओं को अनुकरणीय कहा। कालेज की प्रगति धरातल पर दिखाई दी। वरिष्ठ प्रवक्ता आर एस नेगी ने श्री सकलानी की सेवाओं को सहयोगियों के लिए प्रेरणा स्रोत बताया। कहा कि वे उनके पदचिन्हों पर चलते हुए विद्यालय के सर्वांगीण विकास में अपेक्षित कार्य करेंगे।
कार्यक्रम संचालक शैलेंद्र डोभाल ने श्री सकलानी के कार्य व्यवहार के भूरी- भूरी प्रशंसा की और कहा कि अपने सेवा काल में शायद ही उन्हें इतने सुयोग्य प्रधानाचार्य के अधीन कार्य करने का अवसर प्राप्त हुआ हो।
साहित्यकार सोमवारी लाल सकलानी ‘निशांत’ ने अपने उद्बोधन में प्रधानाचार्य आर पी सकलानी की तुलना अपने छात्र जीवन के प्रधानाचार्य स्व. महेशानंद शर्मा जी से की। आज भी शर्मा जी के योगदान को क्षेत्र के लोग याद करते हैं।
इस मौके पर जे एस नेगी, एम एस रावत, सुरेंद्र कुमार बिंद,डॉ विनोद चौहान, वरुण, सौरभ उनियाल, महेश उनियाल, राजेश, मंजीत नकोटी, तरुण डोभाल,ओ पी सेमल्टी,रानी पयाल योगिता,अनुराधा, सुषमा ,किरन, दीपक रौतेला, आदि ने अपने विचार व्यक्त किये।



