राजकीय महाविद्यालय खाड़ी में नमामि गंगे पर दो दिवसीय कार्यशाला आयोजित

टिहरी गढ़वाल। राजकीय महाविद्यालय खाड़ी में प्राचार्य प्रो. अरुण कुमार सिंह के निर्देशन में नमामि गंगे विषय पर दो दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि डीएफओ नरेंद्र नगर श्री दिगांथ नायक (IFS) तथा विशिष्ट अतिथियों संयुक्त निदेशक उच्च शिक्षा प्रो. आनंद सिंह उनियाल एवं डिप्टी डायरेक्टर उच्च शिक्षा, देहरादून प्रो. ममता नैथानी द्वारा दीप प्रज्ज्वलन के साथ किया गया।
कार्यक्रम के प्रथम दिन का संचालन डॉ. सीमा पांडे ने किया। नमामि गंगे की नोडल अधिकारी डॉ. मीनाक्षी ने पीपीटी के माध्यम से योजना की विस्तृत जानकारी प्रस्तुत की। मुख्य अतिथि श्री नायक ने कहा कि नमामि गंगे पर भारी बजट खर्च होने के बावजूद अपेक्षित परिणाम नहीं दिख रहे हैं, जिसके लिए समाज की सोच और व्यवहार में बदलाव जरूरी है।
प्रो. आनंद सिंह उनियाल ने प्लास्टिक और पॉलिथीन के बढ़ते उपयोग पर चिंता जताते हुए पर्यावरण संरक्षण और वन्य जीवों के संरक्षण की आवश्यकता पर बल दिया। वहीं प्रो. ममता नैथानी ने कहा कि गंगा जीवनदायिनी है और हमें इसकी स्वच्छता बनाए रखने के लिए अपने नैतिक आचरण और दैनिक आदतों में सुधार करना चाहिए।
इस अवसर पर फॉरेस्ट रेंजर नरेंद्र नगर श्री विवेक जोशी, क्षेत्र पंचायत सदस्य श्रीमती कल्पना पंवार तथा पूर्व प्रधानाचार्य श्री कृष्ण सिंह रावत ने भी अपने विचार रखे। श्री रावत ने पर्यावरण संरक्षण के लिए वेस्ट मटेरियल से बायोगैस निर्माण और वृक्षारोपण पर जोर दिया।
प्राचार्य प्रो. अरुण कुमार सिंह ने हैवल नदी के आसपास स्वच्छता अभियान चलाने, नियमित पूजा-अर्चना तथा “नमामि गंगे वाटिका” स्थापित करने का प्रस्ताव रखा। कार्यक्रम के दौरान नमामि गंगे कैलेंडर का विमोचन भी किया गया।
छात्रवृत्ति संयोजिका डॉ. ईरा सिंह द्वारा शैक्षणिक सत्र 2025-26 में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले छात्रों को मुख्यमंत्री छात्रवृत्ति सम्मान योजना के तहत सम्मानित किया गया। इसमें अंशिका, तनीषा, आंचल, अंकिता असवाल, सिमरन कोटियाल, उर्मिला और अंजली तड़ियाल सहित अन्य छात्र-छात्राओं को प्रमाण पत्र एवं स्मृति चिन्ह प्रदान किए गए।
इसके साथ ही प्रश्नोत्तरी, पोस्टर और वाद-विवाद प्रतियोगिताओं का आयोजन कर विजेता छात्र-छात्राओं को पुरस्कृत किया गया। कार्यक्रम के अंत में सभी अतिथियों को स्मृति चिन्ह भेंट किए गए।
अंत में वरिष्ठ प्राध्यापिका प्रो. निरंजना शर्मा ने सभी अतिथियों का आभार व्यक्त करते हुए कार्यक्रम के समापन की घोषणा की।



