हैदराबाद। भारतीय पत्रकार संघ दैनिक भास्कर मीडिया हाउस के विभिन्न कार्यालयों में छापेमारी के लिए आयकर विभाग की कड़ी निंदा करता है। यह कहना उचित होगा कि छापेमारी के पीछे आईटी विभाग ने ‘कर की चोरी’ को कारण बताया था।
लेकिन, सार्वजनिक दृष्टि से, यह देखा गया है कि चिंतित मीडिया समूह कोविड-19 महामारी से निपटने में केंद्र सरकार के कुप्रबंधन को उजागर कर रहा था।
मीडिया समूह ने ऑक्सीजन की कमी, लोगों की पीड़ा और मौतों को उजागर करने वाली कई खबरें भी प्रकाशित कीं। वहीं, संसद के चल रहे मानसून सत्र में ‘नो डेथ’ की रिपोर्ट पेश की गई है।
मीडिया समूह इजरायली पेगासस स्पाइवेयर के माध्यम से जासूसी के नवीनतम संवेदनशील मुद्दे और भाजपा सरकार से संबंधित कई अन्य महत्वपूर्ण मुद्दों को भी प्रमुखता से प्रकाशित कर रहा है।
आईजेयू के अध्यक्ष श्रीनिवास रेड्डी ने कहा कि मीडिया हाउस पर इस तरह की छापेमारी करना सरकार द्वारा बेहद निंदनीय कार्य है। यह एक गंभीर मुद्दा है और राज्य द्वारा अलोकतांत्रिक कदम है।
आईजेयू के महासचिव बलविंदर जम्मू ने कहा कि सरकार का इरादा प्रेस की आवाज दबाने का है। संघ इसकी कड़ी निंदा करता है और सरकार से प्रेस की स्वतंत्रता बहाल करने और मीडिया को चुप कराने से रोकने की मांग करता है।



